गरीब का गृह प्रवेश अभियान : डीएम की जनसुनवाई में पीड़ितों का न्याय की उम्मीद में उमड़ रहा जनसैलाब

Rashtriya Shikhar
3 Min Read
“Gareeb Ka Griha Pravesh” campaign: A large crowd of complainants gathered at the DM’s public hearing, hoping for justice. IMAGE CREDIT TO INFORMATION DEPARTMENT

गाजियाबाद (शिखर समाचार)। डीएम रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने जनपद में संचालित विशेष अभियान “गरीब का गृह प्रवेश” के अंतर्गत गरीब, पीड़ित, बेसहारा एवं वंचित लोगों को उनकी संपत्तियों पर अवैध कब्जों से मुक्ति दिलाने का कार्य निरंतर प्रभावी ढंग से किया जा रहा है। अभियान के सकारात्मक परिणामों के चलते जनसुनवाई में सहायता एवं न्याय की उम्मीद लेकर आने वाले जरूरतमंद लोगों की संख्या लगातार बढ़ रही है।

जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि यदि किसी गरीब अथवा कमजोर वर्ग के व्यक्ति की भूमि, मकान अथवा अन्य संपत्ति पर किसी भू-माफिया, दबंग या असामाजिक तत्व द्वारा अवैध कब्जा कर लिया गया हो तथा उसके पास वैध अभिलेख उपलब्ध हों, तो वह सीधे प्रशासन से संपर्क कर सकता है। ऐसे प्रत्येक पात्र व्यक्ति को न्याय दिलाने हेतु प्रशासन पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगा। उन्होंने कहा कि गरीबों को न्याय दिलाना एवं उनकी संपत्तियों की रक्षा करना मुख्यमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

गरीब का गृह प्रवेश अभियान से मिल रहा न्याय

ALSO READ:https://www.livehindustan.com/ncr/ghaziabad/story-expansion-of-all-india-industry-trade-forum-in-ghaziabad-with-new-appointments-201757504954000.html

जिलाधिकारी ने बताया कि विशेष अभियान के तहत गरीब एवं वंचित वर्ग को उनकी संपत्तियों पर कब्जा मुक्त कराने का कार्य तेजी से किया जा रहा है, जिससे लोगों में प्रशासन के प्रति विश्वास बढ़ा है।

कलेक्ट्रेट स्थित उनके कार्यालय पर हुई जनसुनवाई के उपरांत एक मार्मिक प्रकरण सामने आया, जिसमें 70 वर्षीय वृद्ध महिला सत्या शर्मा पत्नी स्वर्गीय सहदेव चन्द्र शर्मा, निवासी सेक्टर-3, वसुन्धरा ने जिलाधिकारी से अपनी समस्या साझा की। वृद्धा ने बताया कि उन्हें लंबे समय से विधवा पेंशन प्राप्त नहीं हो रही है तथा उनका आयुष्मान कार्ड भी नहीं बन पाया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए तथा वृद्ध महिला का आयुष्मान कार्ड बनवाने हेतु आवेदन कराया। साथ ही संबंधित विभागीय अधिकारियों से वार्ता कर आश्वस्त किया कि उनकी विधवा पेंशन जुलाई माह से पुनः प्राप्त होने लगेगी।

वृद्ध महिला को डीएम ने दी आर्थिक सहायता

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/the-leadership-of-ceo-rakesh-kumar-singh/

मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने वृद्ध महिला की आर्थिक कठिनाइयों को देखते हुए अपनी हाल ही में परीक्षा ड्यूटी से प्राप्त मानदेय राशि, 22 हजार रुपए उन्हें आर्थिक सहायता के रूप में प्रदान की। जिलाधिकारी के इस संवेदनशील एवं प्रेरणादायी कदम की उपस्थित लोगों द्वारा सराहना की गई।

जनसुनवाई के दौरान मुख्य विकास अधिकारी, अपर जिलाधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

Share This Article
Leave a comment