मां शाकंभरी देवी के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब, लाखों श्रद्धालुओं ने किए दर्शन

Rashtriya Shikhar
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A Huge Influx of Devotees at Maa Shakumbhari Devi Temple, Millions of Devotees Offer Prayers IMAGE CREDIT TO रिपोर्टर

सहारनपुर (शिखर समाचार)। शिवालिक की पावन पहाड़ियों में स्थित शक्तिपीठ मां शाकंभरी देवी के धाम में आयोजित मेले में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। देश के विभिन्न हिस्सों से पहुंचे भक्तों ने मां शाकंभरी, मां शताक्षी, मां भीमा, मां भ्रामरी और धाम के रक्षक बाबा भूरादेव के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। मेले में विदेशी श्रद्धालुओं ने भी पहुंचकर मां के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की और उनकी महिमा का गुणगान किया।

मां शाकंभरी धाम में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

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श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बावजूद मेले का आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। जिलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान के नेतृत्व में जिला प्रशासन, पुलिस विभाग और मंदिर समिति ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए। सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, पार्किंग, पेयजल, स्वच्छता और स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष ध्यान दिया गया। प्रशासनिक अधिकारियों ने मेले के दौरान लगातार निगरानी रखते हुए भीड़ प्रबंधन और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए।

श्रद्धालुओं की सहायता के लिए विशेष सहायता केंद्र और पुलिस सहायता चौकियां स्थापित की गईं। प्रशासन की व्यवस्थाओं की श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों ने सराहना की। जिला प्रशासन ने मेले के सफल आयोजन में सहयोग देने वाले विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों, मंदिर प्रबंधन और मीडिया कर्मियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

पौराणिक मान्यताओं से जुड़ा है मां शाकंभरी धाम

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पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, दुर्गमासुर के अत्याचारों और भीषण अकाल से सृष्टि को बचाने के लिए मां भगवती ने शाकंभरी स्वरूप धारण किया था। मान्यता है कि उन्होंने वनस्पतियों, फलों और शाक-सब्जियों के माध्यम से जीव-जगत का पोषण किया। धाम में मां शाकंभरी, मां शताक्षी, मां भीमा और मां भ्रामरी के स्वरूपों की विशेष मान्यता है। बाबा भूरादेव को मां के धाम का रक्षक माना जाता है और श्रद्धालु मां के दर्शन से पहले उनके दर्शन करते हैं। यह पावन धाम आस्था और संस्कृति के साथ प्रकृति संरक्षण, करुणा तथा मानवता का संदेश भी देता है।

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