हिरासत में युवक की मौत के मामले में वायरल वीडियो ने बढ़ाई पुलिस की मुश्किलें, अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के बैनर तले थाने का घेराव

Rashtriya Shikhar
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Viral video increases police troubles in custodial death case; police station surrounded under the banner of the International Jat Sansad. IMAGE CREDIT TO REPORTER

मोदीनगर (शिखर समाचार)

निवाड़ी थाने में पतला निवासी अमित चौधरी की पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला गरमा गया है। अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के बैनर तले बड़ी संख्या में ग्रामीण निवाड़ी थाने पहुंचे और हंगामा करते हुए थाने का घेराव कर दिया। उनकी मांग है कि दोषी पुलिस कर्मियों को तत्काल बर्खास्त किया जाए। चेतावनी दी गई है कि यदि उनकी मांग नहीं मानी गई, तो बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।

हिरासत में मौत और आरोपों का सिलसिला

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पतला निवासी 35 वर्षीय अमित चौधरी को 7 अप्रैल की रात निवाड़ी पुलिस हिरासत में मुरादनगर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चिकित्सा परीक्षण के लिए ले जा रही थी। इस दौरान अमित पुलिस हिरासत से भाग निकला और दिल्ली-मेरठ मार्ग पर एक ट्रक की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया। गाजियाबाद के नेहरू नगर स्थित एक अस्पताल में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। परिजन पुलिस पर अमित को हिरासत में लेकर तीसरी डिग्री (यातना) देने का आरोप लगा रहे हैं। इस संबंध में दो उपनिरीक्षकों सहित चार पुलिसकर्मियों को पहले ही निलंबित किया जा चुका है और मृतक के पिता की ओर से अज्ञात पुलिसकर्मियों के विरुद्ध रिपोर्ट भी दर्ज की गई है।

पंचायत, थाने का घेराव और वायरल वीडियो

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सोमवार को पतला में अमित की तेरहवीं की रस्म के दौरान अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के अध्यक्ष मनु चौधरी की ओर से एक पंचायत का आयोजन किया गया, जिसमें सभी दोषी पुलिस कर्मियों को बर्खास्त करने की मांग उठी। इसके बाद ग्रामीण निवाड़ी थाने पहुंचे और जमकर हंगामा किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि पुलिस की बर्बरता ही मौत का कारण बनी। इसी बीच, थाने में अमित के साथ की जा रही पिटाई का एक वीडियो वायरल हो गया है, जिससे निवाड़ी पुलिस सवालों के घेरे में आ गई है (हालांकि, इस वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है)।

सहायक पुलिस आयुक्त भास्कर वर्मा ने प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचकर उन्हें आश्वासन दिया कि मामले की गहनता से जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी होगा, उसके विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

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