पुराने डीजल-पेट्रोल वाहनों पर परिवहन विभाग की सख्ती, 650 से अधिक वाहन जब्त

Rashtriya Shikhar
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Transport Department's crackdown on old diesel-petrol vehicles, over 650 vehicles seized IMAGE CREDIT TO सूचना विभाग

ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार)। वायु प्रदूषण की रोकथाम और पर्यावरण संरक्षण को लेकर परिवहन विभाग ने जनपद में समयसीमा पूरी कर चुके वाहनों के खिलाफ सघन प्रवर्तन अभियान चलाया है। अभियान के तहत अब तक 650 से अधिक पुराने डीजल, पेट्रोल और व्यावसायिक वाहनों को जब्त कर अधिकृत वाहन कबाड़ सुविधा केंद्र को सौंपा गया है। इन केंद्रों पर वाहनों को नियमानुसार कबाड़ में परिवर्तित करने की प्रक्रिया की जा रही है।

सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) डॉ. उदित नारायण पाण्डेय ने बताया कि दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए 10 वर्ष से अधिक पुराने डीजल तथा 15 वर्ष से अधिक पुराने पेट्रोल वाहनों के संचालन पर प्रतिबंध लागू है। प्रतिबंधित वाहनों का सार्वजनिक मार्गों पर संचालन अथवा सार्वजनिक स्थानों पर खड़ा करना नियमों का उल्लंघन है। इसी के मद्देनजर परिवहन विभाग की प्रवर्तन टीमों द्वारा प्रमुख चौराहों, द्रुतगति मार्गों और आंतरिक मार्गों पर लगातार जांच अभियान चलाया जा रहा है।

650 से अधिक वाहन जब्त और कबाड़ केंद्र को सुपुर्द

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अभियान के दौरान मानकों का उल्लंघन करने वाले 650 से अधिक कार, एसयूवी और व्यावसायिक वाहन जब्त किए गए। जब्त वाहनों को अधिकृत वाहन कबाड़ सुविधा केंद्रों को सौंपा गया है। विभाग ने वाहन स्वामियों से अपील की है कि निर्धारित आयु पूरी कर चुके वाहनों का सार्वजनिक मार्गों पर संचालन या सड़क किनारे पार्किंग न करें।

वाहन स्वामियों के लिए कबाड़ मूल्य और नए वाहन पर छूट का विकल्प

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विभाग के अनुसार कबाड़ सुविधा केंद्र को सौंपे गए वाहनों पर नियमानुसार कबाड़ मूल्य देय होगा तथा वाहन स्वामी को जमा प्रमाणपत्र मिलेगा। इसका उपयोग नए वाहन की खरीद पर नियमानुसार सड़क कर में छूट और निर्माता की ओर से उपलब्ध अन्य लाभ लेने में किया जा सकता है। आयु सीमा पूरी करने वाले वाहनों के लिए नियमों के तहत अनापत्ति प्रमाणपत्र लेकर अन्य राज्यों या जिलों में स्थानांतरण का विकल्प भी उपलब्ध है। अभियान आगे भी जारी रहेगा।

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