15 हजार करोड़ के निवेश वादों के साथ इंडिया बायोएनर्जी एंड टेक एक्सपो संपन्न

Rashtriya Shikhar
3 Min Read
India Bioenergy and Tech Expo Concludes with Investment Commitments Worth ₹15,000 Crore IMAGE CREDIT TO सूचना विभाग

——-उत्तर प्रदेश हरित ऊर्जा निवेश के प्रमुख केंद्र के रूप में उभरा

ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार) तीन दिन तक चले इंडिया बायोएनर्जी एंड टेक एक्सपो 2026 का गुरुवार को समापन लगभग 15 हजार करोड़ रुपये के अनुमानित निवेश वादों और समझौता ज्ञापनों के साथ हुआ। एक्सपो में देश के जैव ऊर्जा क्षेत्र में निवेश की बढ़ती संभावनाओं के साथ उत्तर प्रदेश के हरित ऊर्जा निवेश के प्रमुख केंद्र के रूप में उभरने की तस्वीर सामने आई। आयोजन में नीति निर्माताओं, निवेशकों, तकनीकी कंपनियों, उद्यमियों और उद्योग विशेषज्ञों ने संपीड़ित जैव गैस, इथेनॉल, जैव ईंधन, जैव द्रव्यमान, कचरे से ऊर्जा, जैव सामग्री और टिकाऊ विमानन ईंधन सहित विभिन्न क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की।

किसानों के लिए हरित ऊर्जा और आय के अवसर

ALSO READ:https://www.jagran.com/uttar-pradesh/ghaziabad-indirapuram-woman-death-family-halts-last-rites-demands-probe-40199229.html

समापन दिवस पर ‘किसानों के लिए हरित ऊर्जा और आय के अवसर’ विषय पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। इसमें कृषि अवशेषों को स्वच्छ ऊर्जा में बदलकर किसानों के लिए अतिरिक्त आय के स्रोत विकसित करने पर जोर दिया गया। वक्ताओं ने मजबूत कच्चा माल आपूर्ति श्रृंखला, किसान उद्योग समन्वय और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यावहारिक कारोबारी मॉडल विकसित करने की आवश्यकता बताई।

उत्तर प्रदेश में जैव ऊर्जा निवेश को बढ़ावा

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/town-vending-committee-meeting-in-presence/

आयोजन में ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत मंत्री ए.के. शर्मा, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही तथा ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत राज्य मंत्री कैलाश सिंह राजपूत सहित केंद्र और प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। ए.के. शर्मा ने कहा कि जैव ऊर्जा से किसानों की आय बढ़ाने, गांवों में रोजगार पैदा करने और कृषि अवशेषों को आर्थिक संसाधन में बदलने की बड़ी संभावनाएं हैं।

3,500 करोड़ का निवेश, 25 हजार रोजगार के अवसर

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/humorous-poetry-recitation-by-shambhu-shekhar/

सूर्य प्रताप शाही ने बताया कि प्रदेश के संपीड़ित जैव गैस क्षेत्र में अब तक करीब 3,500 करोड़ रुपये का निवेश हो चुका है, जिससे लगभग 25 हजार रोजगार के अवसर पैदा हुए हैं। उन्होंने आने वाले समय में 70 से 80 नए संयंत्र स्थापित होने की संभावना जताई। इंडियन फेडरेशन ऑफ ग्रीन एनर्जी के महानिदेशक संजय गंजू ने कहा कि जैव ऊर्जा अब केवल नीतिगत लक्ष्य नहीं, बल्कि निवेश और कारोबार का महत्वपूर्ण क्षेत्र बन चुकी है।

Share This Article
Leave a comment