गाजियाबाद (शिखर समाचार)। आगामी त्योहारों, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से बुधवार को पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद मुख्यालय में समीक्षा गोष्ठी पुलिस आयुक्त जे. रविंदर गौड़ की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में गाजियाबाद में चल रहे विभिन्न अभियानों, अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई और सुरक्षा तैयारियों का विस्तृत आकलन किया गया।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त मुख्यालय एवं अपराध केशव चौधरी, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं यातायात राजकरन नैय्यर, पुलिस उपायुक्त धवल जायसवाल, पुलिस उपायुक्त ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी, डीसीपी क्राइम पीयूष सिंह तथा सभी सहायक पुलिस आयुक्त मौजूद रहे। अधिकारियों ने अलग-अलग बिंदुओं पर प्रस्तुतीकरण देते हुए अब तक की कार्रवाई और आगे की रणनीति पर चर्चा की।
अपराध नियंत्रण और चल रहे अभियानों की समीक्षा
समीक्षा के दौरान यक्ष एप्प पर अपराधियों की फीडिंग से संबंधित कार्यों का मूल्यांकन किया गया। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं यातायात ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से इसकी प्रगति की जानकारी दी। इसके अलावा विभिन्न मामलों के निस्तारण और लंबित प्रकरणों पर की गई कार्रवाई का विवरण प्रस्तुत किया गया।
बैठक में ऑपरेशन प्रहार के अंतर्गत अपराधियों के खिलाफ की गई कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। साथ ही सीसीएमएस पोर्टल पर दर्ज मामलों और विभिन्न समयावधियों के दौरान की गई पुलिस कार्रवाई का विश्लेषण किया गया। वर्ष 2026 में अब तक हुए संपत्ति संबंधी और शरीर संबंधी अपराधों के आंकड़ों की तुलनात्मक समीक्षा भी की गई।
निरोधात्मक कार्रवाई और मिशन शक्ति पर जोर
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पुलिस अधिकारियों ने 15 जून 2026 तक संपत्ति संबंधी मामलों के अनावरण और बरामदगी की स्थिति का मूल्यांकन किया। इसके अलावा 1 जनवरी से 16 जून 2026 तक निरोधात्मक कार्रवाई और विभिन्न महत्वपूर्ण अधिनियमों के तहत की गई कार्रवाई की समीक्षा की गई। मिशन शक्ति केंद्रों पर प्राप्त शिकायतों और उनके निस्तारण की प्रगति पर भी विशेष चर्चा हुई।
बैठक का एक महत्वपूर्ण हिस्सा आगामी मोहर्रम और कांवड़ यात्रा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा रहा। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि त्योहारों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, यातायात प्रबंधन को सुचारु रखने और संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखने के लिए पहले से ठोस तैयारी सुनिश्चित की जाए। गोष्ठी के अंत में पुलिस आयुक्त ने सभी अधिकारियों को गाजियाबाद में अपराध और अपराधियों के प्रति शून्य सहिष्णुता की नीति अपनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और महिला सुरक्षा, जनशिकायतों के त्वरित निस्तारण तथा संवेदनशीलता के साथ पुलिसिंग सुनिश्चित की जाए।
