हापुड़ (शिखर समाचार)
अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के निर्देश पर राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, हापुड़ के प्रतिनिधिमंडल ने मेरठ लोकसभा सांसद अरुण गोविल से भेंट कर वर्ष 2010 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों से टीईटी (TET) की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। सांसद ने आश्वासन दिया कि वह इस मुद्दे को संसद के आगामी मानसून सत्र में शून्यकाल के दौरान उठाएंगे।
पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर TET अनिवार्यता समाप्त करने की मांग
जिला अध्यक्ष अशोक कश्यप के नेतृत्व में महासंघ के पदाधिकारियों ने सांसद से वर्ष 2010 से पूर्व तथा उत्तर प्रदेश में 27 जुलाई 2011 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर लागू टीईटी अनिवार्यता समाप्त करने के विषय पर विस्तार से चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री को समर्थन पत्र भेजने तथा इस संबंध में आवश्यक विधायी संशोधन कराने की मांग भी रखी।
कार्यकारी जिला अध्यक्ष विजय कुमार त्यागी ने शिक्षक समाज की समस्याओं, विधिक पहलुओं, प्राकृतिक न्याय और मानवीय आधारों को सांसद के समक्ष रखा। वहीं, जिला महामंत्री आदर्श गोयल ने शिक्षक हितों की रक्षा करते हुए न्यायसंगत एवं संवेदनशील निर्णय लेने का आग्रह किया।
सांसद अरुण गोविल का आश्वासन
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सांसद अरुण गोविल ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि वह इस विषय को संसद के मानसून सत्र में शून्यकाल के दौरान प्रमुखता से उठाकर समाधान का प्रयास करेंगे।
इस दौरान संगठन मंत्री मोहर सिंह, कोषाध्यक्ष संजय सक्सेना, धर्मवीर सिंह, बृजपाल, मनोज पाल, अरविंद, सुमित, शेखर सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।
