हरिद्वार (शिखर समाचार)। राज्य आपदा प्रबंधन समिति के उपाध्यक्ष एवं उत्तराखंड सरकार में राज्य मंत्री विनय कुमार रोहिला की अध्यक्षता में नगर निगम सभागार, रुड़की में मानसून के दृष्टिगत आपदा प्रबंधन तैयारियों की विभागवार समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनपद में किसी भी आपदा या अप्रिय घटना की स्थिति में सभी विभाग आपसी समन्वय, त्वरित कार्रवाई और संवेदनशीलता के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि भारी वर्षा के कारण जिन क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न होती है, वहां संबंधित अधिकारी जलनिकासी की व्यवस्था के लिए तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें।
एक सप्ताह में खोलें बंद नाला-नालियां
राज्य मंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि जनपद में बंद पड़े सभी नाला-नालियों को एक सप्ताह के भीतर खोलने की कार्रवाई हर हाल में पूरी की जाए, ताकि वर्षा के पानी की सुचारु निकासी हो सके और जलभराव की समस्या उत्पन्न न हो। नगर निगम, सिंचाई विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी करने और शिकायत मिलते ही तत्परता से कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
मानसून के दौरान डेंगू की रोकथाम को लेकर भी विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए। विनय कुमार रोहिला ने स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम और अन्य संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से अभियान चलाने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी क्षेत्र में बरसाती पानी एकत्र न होने पाए तथा नियमित साफ-सफाई, धुंध का छिड़काव और जनजागरूकता अभियान प्रभावी ढंग से चलाए जाएं। बैठक में कई विभागीय अधिकारियों के अनुपस्थित रहने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए अपर जिलाधिकारी को संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

सड़क खुदाई और सीवर व्यवस्था को लेकर भी सख्ती
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राज्य मंत्री ने क्षेत्रवासियों की समस्याएं भी सुनीं और संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने ‘एक पौधा मां के नाम’ अभियान के तहत नगर निगम परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। शिक्षा विभाग को विद्यालय परिसरों में झाड़ियों और घास की नियमित सफाई कराने तथा विद्यार्थियों को सर्पदंश से बचाव के लिए आवश्यक सावधानी बरतने के निर्देश दिए। साथ ही मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा।
जल निगम, जल संस्थान और सिंचाई विभाग को निर्देश दिए गए कि नगर निगम, नगर पंचायत एवं नगर पालिका क्षेत्रों में बिना विभागीय अनुमति के सड़कों की खुदाई न की जाए। सीवर कार्य के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत कराने तथा बंद और चौक सीवर लाइनों को दुरुस्त करने के भी निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी वैभव गुप्ता ने अधिकारियों को क्षेत्रवासियों की समस्याओं का तत्परता से निराकरण करने के निर्देश दिए और राज्य मंत्री को सभी दिशा-निर्देशों के अनुपालन का आश्वासन दिया। बैठक में रुड़की की महापौर अनीता अग्रवाल, राज्य मंत्री शोभाराम प्रजापति, नगर आयुक्त गोपाल राम बेनीवाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत सहित जनप्रतिनिधि, स्थानीय लोग और संबंधित अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
