प्रियंका गांधी के जन्मदिन पर कांग्रेस दफ्तर बना अखाड़ा, बिजनौर में गुटीय संघर्ष खुलकर आया सामने

Rashtriya Shikhar
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Congress office became an arena on Priyanka Gandhi's birthday, factional struggle came to the fore in Bijnor IMAGE CREDIT TO REPORTER

बिजनौर (शिखर समाचार)। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के जन्मदिवस पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान बिजनौर में कांग्रेस संगठन की अंदरूनी कलह खुलकर सतह पर आ गई। जन्मदिन के जश्न का माहौल देखते ही देखते वर्चस्व की लड़ाई में तब्दील हो गया और कांग्रेस जिला कार्यालय में दो गुटों के बीच जमकर लात-घूंसे चले। घटना ने न केवल पार्टी की एकता पर सवाल खड़े किए, बल्कि संगठनात्मक अनुशासन की भी पोल खोल दी।

प्रियंका गांधी के जन्मदिन समारोह में झगड़ा, कांग्रेस जिला कार्यालय में मच गई अफरा-तफरी

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सोमवार को बिजनौर स्थित कांग्रेस जिला कार्यालय में प्रियंका गांधी वाड्रा का जन्मदिन मनाने के लिए बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्रित हुए थे। कार्यक्रम की शुरुआत सामान्य रही, लेकिन संगठन में प्रभाव और पकड़ दिखाने की होड़ ने माहौल को तनावपूर्ण बना दिया। पहले तीखी बहस हुई, फिर धक्का मुक्की शुरू हो गई और कुछ ही पलों में मामला खुली मारपीट तक पहुंच गया। कार्यालय परिसर में अफरा तफरी मच गई और जन्मदिन का कार्यक्रम पूरी तरह हंगामे की भेंट चढ़ गया।

इस दौरान किसी ने पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। वायरल वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कांग्रेस कार्यकर्ता आपस में मारपीट कर रहे हैं और एक-दूसरे पर हाथ छोड़ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद पार्टी की छवि को गहरा झटका लगा है और विरोधी दलों को राजनीतिक हमला करने का मौका मिल गया है।

हंगामे के बाद नेताओं की चुप्पी, कांग्रेस ने नहीं दी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया

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सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि घटना के बाद कांग्रेस के स्थानीय पदाधिकारी और वरिष्ठ नेता चुप्पी साधे हुए हैं। मीडिया द्वारा संपर्क किए जाने पर किसी भी जिम्मेदार नेता ने खुलकर बयान देने से इनकार कर दिया। न तो संगठनात्मक कार्रवाई की बात सामने आई और न ही घटना पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया दी गई।

फिलहाल यह मामला पूरे बिजनौर में चर्चा का केंद्र बना हुआ है। राजनीतिक हलकों में यह सवाल उठने लगे हैं कि जब खुशी के अवसर पर भी कांग्रेस कार्यकर्ता एकजुट नहीं दिख पा रहे हैं, तो चुनावी मैदान में पार्टी जनता को एकता और स्थिरता का संदेश कैसे दे पाएगी। उधर पुलिस का कहना है कि अब तक इस संबंध में कोई लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है, हालांकि वायरल वीडियो को लेकर चर्चाएं लगातार तेज होती जा रही हैं।

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