नोएडा (शिखर समाचार): जेवर में निर्माणाधीन को संचालन शुरू होने से पहले मिलने वाली जरूरी औपचारिकताओं में एक बड़ी सफलता मिली है। विमानन सुरक्षा से जुड़ी विस्तृत जांच के बाद एयरपोर्ट को सुरक्षा सत्यापन की मंजूरी मिल गई है। इस स्वीकृति के साथ ही एयरपोर्ट के जल्द शुरू होने की उम्मीद और मजबूत हो गई है।
सुरक्षा निरीक्षण और मंजूरी
नागरिक उड्डयन सुरक्षा ब्यूरो की टीम ने हाल ही में एयरपोर्ट परिसर का निरीक्षण कर वहां की सुरक्षा व्यवस्थाओं का बारीकी से परीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान एयरपोर्ट की घेराबंदी, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था, प्रवेश और निकास नियंत्रण, यात्री जांच प्रणाली, अग्निशमन व्यवस्था और आपातकालीन सुरक्षा प्रबंधों की जांच की गई। सभी व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप पाए जाने के बाद एयरपोर्ट को सुरक्षा सत्यापन की मंजूरी प्रदान कर दी गई।
प्राधिकरण का बयान और आगे की प्रक्रिया
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यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने बताया कि सुरक्षा सत्यापन की मंजूरी मिलना एयरपोर्ट परियोजना के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि अगला चरण नागरिक उड्डयन महानिदेशालय से अंतिम लाइसेंस प्राप्त करना है, जिसके बाद परीक्षण उड़ानों और अन्य तकनीकी परीक्षणों की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
क्षेत्रीय लाभ और भविष्य की योजना
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एयरपोर्ट शुरू होने से दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लाखों लोगों को आधुनिक हवाई यात्रा की सुविधाएं मिलेंगी। इससे निवेश, व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर भी उत्पन्न होंगे। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट देश की सबसे बड़ी ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा परियोजनाओं में शामिल है। पहले चरण में प्रतिवर्ष करीब 1.2 करोड़ यात्रियों को संभालने की क्षमता विकसित की जा रही है, और भविष्य में इसका विस्तार कर इसे देश के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों में शामिल करने की योजना है। इससे दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पड़ने वाला दबाव भी कम होने की उम्मीद है।
