गाजियाबाद (शिखर समाचार)। दिल्ली से सटे महानगर गाजियाबाद में लगातार बढ़ते जा रहे वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बुधवार को नगर निगम अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने सभी विभाग अध्यक्षों को आपस में समवन्य स्थापित करते हुए कार्य करने के आदेश दिए। वहीं उन्होंने 24 घंटे वॉटर स्प्रिंकलर से पानी का छिड़काव करने के आदेश भी दिए, जिससे जल्द से जल्द वायु प्रदूषण को नियंत्रित किया जा सकें। बैठक में अधिकारियों ने बताया कि शहर में लगभग 50 वॉटर स्प्रिंकलर के माध्यम से नियमित दो शिफ्ट में पानी का छिड़काव मार्गों पर कराया जा रहा है, जिसमें जलकल विभाग के 25 वॉटर स्प्रिंकलर, स्वास्थ्य विभाग के 15 मल्टी एंटी स्मोक गण, 5 जेट्टिंग मशीन और 12 रोड शिपिंग मशीन सड़को को धूल मुक्त बनाने का कार्य कर रही है। उद्यान विभाग के 5 वॉटर टैंकर के माध्यम से सेंट्रल वर्ज तथा ग्रीन बेल्ट में पानी का छिड़काव कराया जा रहा है। बैठक में नगर आयुक्त ने सभी विभागीय अधिकारियों को संयुक्त रूप से कार्य करते हुए 24 घंटे चार शिफ्ट में पानी का छिड़काव उपकरणों के माध्यम से करने के निर्देश दिए। इसके अलावा रात्रि में भी आवश्यक स्थानो का चयन करते हुए पानी का छिड़काव उपकरणों के माध्यम से कराने के आदेश दिए गए।
शहर में धूल और प्रदूषण पर कड़ी कार्रवाई, नागरिकों को सजग रहने के निर्देश
निर्माण विभाग को भी नियम अनुसार कार्यवाही करने के लिए निर्देशित किया गया। घरों से निकलने वाली वेस्ट निर्माण सामग्री को भी प्रतिबंधित करने के लिए निर्देशित किया गया। मार्गो और सड़कों का स्थलीय निरीक्षण करने के निर्देश भी दिए गया। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर मिथिलेश ने बताया कि धूल उड़ने वाले स्थानों पर पानी का छिड़काव उपकरणों के माध्यम से कराया जा रहा है और शहर वासियों को भी जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि भट्टी जलाने वालों पर विभाग द्वारा सख्त कार्यवाही भी की जा रही है। कूड़ा को जलने से रोकने के लिए विशेष मॉनिटरिंग भी की जा रही है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने शहर के लोगों से अपील कि किसी भी वार्ड एवं क्षेत्र में कहीं भी अनावश्यक रूप से धुआं नहीं फैलाया जाए। अपने घरों एवं प्रतिष्ठानों के आसपास पानी का निरंतर छिड़काव अधिक से अधिक करें। बैठक में अपर नगर आयुक्त अवनींद्र कुमार, अपर नगर आयुक्त जंग बहादुर यादव, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर मिथिलेश, प्रभारी उद्यान डॉक्टर अनुज, मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी, महाप्रबंधक जल कामाख्या प्रसाद आनंद उपस्थित रहे।

