रोहिल्लापुर के डूब क्षेत्र में अवैध बसावट पर सख्त कार्रवाई, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने 18 हजार वर्ग मीटर भूमि कराई कब्जामुक्त

Rashtriya Shikhar
4 Min Read
Strict Action on Illegal Settlements in Rohillapur’s Flood-Prone Area; Greater Noida Authority Clears 18,000 sq. m. of Land. IMAGE CREDIT TO AUTHORITY

ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार) अधिसूचित क्षेत्र में अनधिकृत निर्माण और अवैध भूखंड काटने के मामलों पर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने कड़ा रुख अपनाते हुए रोहिल्लापुर गांव के डूब क्षेत्र में बड़ा अभियान चलाया। बृहस्पतिवार को संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर बुलडोजर की मदद से अवैध निर्माणों को गिराया और लगभग 18 हजार वर्ग मीटर जमीन को कब्जे से मुक्त कराया। बताया गया है कि कुछ भू-विकासकर्ता नदी के डूब क्षेत्र में नियमों के विरुद्ध प्लॉट काटकर अवैध कालोनी बसाने की तैयारी कर रहे थे, जिसकी सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की गई।

हिंदन डूब क्षेत्र में अवैध निर्माण पर सख़्त चेतावनी: ‘बिना स्वीकृति कोई प्लॉटिंग नहीं

ALSO READ:https://www.amarujala.com/delhi-ncr/ghaziabad/cold-wave-today-yellow-alert-for-fog-again-from-tomorrow-ghaziabad-news-c-30-gbd1036-802437-2026-01-15?src=top-subnav

यह अभियान मुख्य कार्यपालक अधिकारी एनजी रवि कुमार के निर्देश पर परियोजना शाखा और भूलेख शाखा के अधिकारियों द्वारा चलाया गया। संबंधित भूमि हिंडन नदी के डूब क्षेत्र में दर्ज है और यह पूरा इलाका प्राधिकरण की अधिसूचित सीमा में आता है, जहां बिना स्वीकृति किसी भी प्रकार का निर्माण प्रतिबंधित है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस तरह के क्षेत्रों में की गई प्लॉटिंग और निर्माण पूरी तरह गैरकानूनी माने जाएंगे और उन्हें हटाया जाएगा।

अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुमित यादव ने कहा कि बिना मानचित्र स्वीकृति और अनुमति के किए गए निर्माणों पर लगातार ध्वस्तीकरण अभियान जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी स्थान पर जमीन या भूखंड खरीदने से पहले प्राधिकरण के भूलेख विभाग से अभिलेखों की जांच अवश्य करा लें, ताकि अवैध योजनाओं में मेहनत की कमाई फंसने से बच सके।

दो घंटे के सघन अभियान में अवैध प्लॉटिंग ढहाई गई: डूब क्षेत्र में कानून की सख्ती

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/grand-cxo-meet-2025-held-at-its-mohan-nagar/

कार्रवाई के दौरान खसरा संख्या 22 और 33 की भूमि पर चल रही अवैध प्लॉटिंग को हटाया गया। परियोजना शाखा के कार्य चक्र–3 की टीम ने पुलिस बल के साथ मिलकर लगभग दो घंटे तक अभियान चलाया। प्रभारी राजेश कुमार निम के नेतृत्व में प्रबंधक लव शंकर भारती और अन्य कर्मचारियों ने सुरक्षा दल की मौजूदगी में निर्माण ढहाए। महाप्रबंधक एके सिंह के अनुसार डूब क्षेत्र में अवैध भूखंड काटे जाने की शिकायत प्राप्त होने के बाद जांच कर यह कदम उठाया गया।

पंद्रह दिनों में पांच बड़े अभियान, 45 हजार वर्ग मीटर से अधिक भूमि खाली
प्राधिकरण द्वारा बीते पंद्रह दिनों में अतिक्रमण हटाने के लिए लगातार बड़े स्तर पर अभियान चलाए गए हैं। इस अवधि में करीब 45 हजार वर्ग मीटर से अधिक जमीन को अवैध कब्जों से मुक्त कराया जा चुका है। 20 जनवरी को भनौता क्षेत्र में 11 हजार 340 वर्ग मीटर भूमि खाली कराई गई। 28 जनवरी को हैबतपुर में 6 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र से निर्माण हटाए गए। 4 फरवरी को भनौता में 10 हजार वर्ग मीटर जमीन पर कार्रवाई हुई और अब रोहिल्लापुर में 18 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र को मुक्त कराया गया है।
इसके अलावा 29 जनवरी को खेड़ा चौगानपुर क्षेत्र में आठ आवासीय टावरों के सौ से अधिक आवासों पर सील लगाने की कार्रवाई भी की गई। लगातार चल रहे अभियानों से अवैध कालोनी विकसित करने वाले लोगों में हड़कंप की स्थिति है। प्राधिकरण ने दोहराया है कि नियमों के विरुद्ध किसी भी निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

Share This Article
Leave a comment