गाजियाबाद (शिखर समाचार)
अवैध कॉलोनियों और बिना स्वीकृति बनाए जा रहे निर्माणों पर गाजियाबाद विकास प्राधिकरण का शिकंजा लगातार और कड़ा होता जा रहा है। इसी अभियान के अंतर्गत आज डासना क्षेत्र में प्राधिकरण ने एक बड़ी और निर्णायक कार्रवाई अंजाम दी, जिसने पूरे इलाके में स्पष्ट संदेश दे दिया कि अवैध विकास को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अवैध कॉलोनी ध्वस्त: प्रवर्तन टीम ने 15,000 वर्ग गज क्षेत्र में कड़ा कार्रवाई किया
दिनांक 27.11.2025 को प्रवर्तन जोन-5 की टीम ने ग्राम भुडगढ़ी, खसरा संख्या 2885 स्थित जेवा मैडम कॉलोनी में लगभग 15,000 वर्ग गज क्षेत्र में काटी जा रही अवैध कॉलोनी को ध्वस्तीकरण आदेश के अनुपालन में पूरी तरह जमींदोज़ कर दिया। मौके पर बनी लंबी बाउंड्रीवाल, नालियां, कॉलम, और अन्य निर्माण सामग्री को भारी मशीनरी की मदद से हटाते हुए पूरी कॉलोनी को ढहा दिया गया। यह क्षेत्र पिछले कई महीनों से अवैध प्लॉटिंग का केंद्र बना हुआ था, जिसे प्राधिकरण ने आज निर्णायक रूप से समाप्त कर दिया।
इसके समानांतर गंग नहर किनारे भुडगढ़ी इंडस्ट्रियल एरिया में लगभग 5,000 वर्ग गज में निर्मित पाँच अवैध निर्माणों पर भी प्राधिकरण ने कड़ी कार्रवाई की। सुरेन्द्र कुमार चौधरी, अशोक कुमार चौधरी, सिद्धार्थ कोल, अभिनीत और जितेन्द्र चड्ढा द्वारा खड़े किए गए इन निर्माणों को सील आदेश के अंतर्गत तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया। यह कार्रवाई इसलिए भी महत्वपूर्ण रही क्योंकि स्थानीय निर्माणकर्ताओं ने कार्रवाई का विरोध भी किया, लेकिन प्राधिकरण पुलिस और स्थानीय पुलिस बल की मुस्तैद मौजूदगी से स्थिति तुरंत काबू में आ गई और अभियान बिना किसी व्यवधान के पूरा हुआ।
गाजियाबाद में चेतावनी: अनधिकृत कॉलोनियों में निवेश से भारी आर्थिक हानि का खतरा
कार्रवाई के दौरान मौजूद अधिकारियों ने क्षेत्रवासियों, भू-क्रेताओं और संभावित निवेशकों को दोटूक संदेश दिया कि अनधिकृत रूप से विकसित हो रहीं कॉलोनियों में प्लॉट खरीदने से बचें, क्योंकि ऐसे निर्माण प्राधिकरण द्वारा मान्यता प्राप्त नहीं होते और भविष्य में भारी आर्थिक हानि का कारण बन सकते हैं। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि गाजियाबाद विकास प्राधिकरण केवल उन्हीं योजनाओं में निवेश की सलाह देता है जो विधिवत स्वीकृत, विकसित और सुरक्षित हों।
पूरे अभियान में अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, अवर अभियंता, सुपरवाइज़र/मेट, स्थानीय पुलिस बल एवं प्राधिकरण पुलिस बल पूरी तत्परता से मौजूद रहा। कार्रवाई की व्यापकता और सख्ती ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि प्राधिकरण शहर में अनधिकृत विकास को रोकने और सुनियोजित शहरी विकास को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
