गाजियाबाद (शिखर समाचार)। साइबर सेल पुलिस ने ऐसे तीन ठगों को गिरफ्तार किया है, जो एपीके फाइल भेज कर लोगों के फोन को हैक कर लिया करते थे। ठग फोन को हैक करके उसका डाटा निकाल लिया करते थे। उसी डाटा का प्रयोग करके यह गैंग लोगों के खाते से पैसे निकाल लिया करता था। थाना साइबर सेल पुलिस ने संबंध में पिंटू, आदर्श और प्रशांत को गिरफ्तार किया है। यह गैंग झारखंड और बिहार से ऑपरेट करके लोगों को अपना निशाना बनाया करता है। थाना साइबर सेल पुलिस ने इन तीनों को विजयनगर से गिरफ्तार किया है। डीसीपी सिटी नगर धवल जायसवाल ने बताया कि थाना साइबर सेल पुलिस ने ऐसे तीन ठगों को गिरफ्तार किया है, जो टेक्स्ट मैसेज, व्हाट्सएप या सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को एपीके फाइल भेज कर ठगा करते हैं। लोग जैसे ही इनकी एपीके फाइल पर क्लिक करते हैं तो उनका फोन हैक हो जाता है। गैंग इसका फायदा उठाकर उनका डाटा निकाल लेती है और उनका अकाउंट खाली कर देती है। यह गैंग अब तक 16 राज्यों में लगभग 100 से ज्यादा वारदात एपीके फाइल भेजकर कर चुका है। पुलिस इस गैंग के अन्य साथियों की तलाश इस समय कर रही है। पुलिस पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि उन्होंने एपीके फाइल भेज कर ठगी करने का गुरु मंत्र झारखंड में अभिषेक से सीखा था। इसके लिए उन्होंने फर्जी सिम 800 से लेकर 1200 रुपए में खरीदी थी। सिम खरीदने के बाद उन्होंने लोगों को एपीके फाइल भेजनी शुरू कर दी थी और इस एपीके फाइल के माध्यम से वह ठगी की वारदात को अंजाम दिया करते थे।
एपीके फाइल भेजकर करते थे ठगी
डीसीपी सिटी नगर ने बताया कि आरोपी टेक्स्ट मैसेज, व्हाट्सएप या सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को एपीके फाइल भेजते थे। जैसे ही कोई व्यक्ति फाइल डाउनलोड कर उस पर क्लिक करता था, उसका मोबाइल हैक हो जाता था। इसके बाद गैंग मोबाइल का डाटा निकाल कर बैंक खातों से रकम उड़ा देता था।
16 राज्यों में फैला नेटवर्क
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पुलिस के अनुसार यह गैंग 16 राज्यों में 100 से अधिक वारदातों को अंजाम दे चुका है। साइबर सेल अब इनके अन्य साथियों और पूरे नेटवर्क की तलाश में जुटी है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने झारखंड में अभिषेक नामक व्यक्ति से एपीके फाइल के जरिए ठगी करने का तरीका सीखा था। इसके लिए उन्होंने 800 से 1200 रुपये में फर्जी सिम खरीदी और फिर लोगों को एपीके फाइल भेजकर ठगी शुरू कर दी।
