गाजियाबाद (शिखर समाचार)। स्वाट टीम अपराध शाखा पुलिस गाजियाबाद ने दो अन्तर्राज्यीय लकड़ी तस्कर रविंद्र और अंकित को गिरफ्तार किया है। यह दोनों केंटर के अंदर केले के पत्तों में छिपाकर खैर की लकड़ी ला रहे थे, जिसका वजन करीब 7 हजार किलोग्राम है। बरामद लकड़ी की अनुमानित लागत 1 करोड़ रुपए है। एडीसीपी क्राइम पीयूष सिंह ने बताया कि स्वाट टीम को सूचना मिली थी कि थाना मसूरी क्षेत्र में ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर दो अन्तर्राज्यीय लकड़ी तस्कर कैंटर में लकड़ी लेकर जा रहे है। टीम ने ईस्टर्न पेरिफेरल डासना कट पर केंटर को रोका। केंटर की चेकिंग के दौरान उसके अंदर केले के पत्तों में छिपाकर खैर की लकड़ी थी। जब इसके सम्बन्ध में कागज मंगाए गए तो मौके पर कोई कागज उपलब्ध नहीं कराया गया। उन्होंने बताया कि केंटर के ड्राइवर और कंडक्टर को मौके से गिरफ्तार किया गया है। लकड़ी लगभग 7 हजार किलोग्राम है और उसकी अनुमानित लागत 1 करोड़ रुपए है। वहीं रविंद्र गौतमबुद्ध नगर से भी लकड़ी तस्करी के मामले में जेल जा चूका है। पुलिस पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि बिहार के मधुबनी से चोखेलाल ने उन्हें यह लकड़ी दी थी, जो हरियाणा के कुण्डली ले जानी थी।
