गाजियाबाद (शिखर समाचार)। थाना कौशांबी पुलिस ने विदेशों को संवेदनशील जानकारी भेजने वाले एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग फोटो और वीडियो के माध्यम से विदेशी नंबरों पर महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कर रहे हैं। इस मामले में 14 मार्च 2026 को 6 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया था, जिसके बाद जांच में बड़ा खुलासा हुआ।
जांच में सामने आया बड़ा नेटवर्क
पुलिस पूछताछ के दौरान कुल 11 अन्य अभियुक्तों के नाम सामने आए। एसआईटी के गठन के बाद अब तक इनमें से 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें कुछ नाबालिग भी शामिल हैं। शेष 2 आरोपियों की तलाश जारी है। गिरफ्तार आरोपियों के मोबाइल फोन से सुरक्षित और धार्मिक स्थलों से जुड़े फोटो व वीडियो भी बरामद किए गए हैं।
फोटो-वीडियो भेजने के मिलते थे पैसे
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों को प्रत्येक फोटो भेजने पर 10 हजार रुपये और वीडियो भेजने पर 20 हजार रुपये तक मिलते थे। उन्हें विदेशी नंबरों से टास्क दिए जाते थे, जिसके तहत वे रेलवे स्टेशन, सुरक्षा बलों के ठिकानों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की जानकारी साझा करते थे। आरोपियों ने संवेदनशील स्थानों की निगरानी के लिए सौर ऊर्जा से चलने वाले सिम-आधारित स्टैंड-अलोन सीसीटीवी कैमरे भी लगाए थे। उनकी निशानदेही पर दो स्थानों से ऐसे कैमरे बरामद किए गए हैं।
एसआईटी जांच और आगे की कार्रवाई
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एडिशनल सीपी राज करण नय्यर ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए ‘ऑफिशियल सीक्रेट्स एक्ट’ और ‘भारतीय न्याय संहिता’ की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। एसआईटी टीम लगातार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।
