मिशन शक्ति फेज 5 : मेरठ रेंज में 30 दिनों की कार्रवाई ने बदला महिला सुरक्षा का परिदृश्य

Rashtriya Shikhar
6 Min Read
Mission Shakti Phase 5: 30 days of action in Meerut range has transformed the landscape of women’s safety IMAGE CREDIT TO POLICE

मेरठ (शिखर समाचार) महिला सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण को ठोस जमीनी कार्रवाई में बदलने के उद्देश्य से चल रहे मिशन शक्ति फेज-5.0 अभियान की मेरठ परिक्षेत्र स्तर पर विस्तृत समीक्षा पुलिस उप महानिरीक्षक मेरठ परिक्षेत्र कलानिधि नैथानी ने की। 22 सितंबर 2025 से 21 अक्टूबर 2025 तक चले इस एक माह के अभियान में मेरठ रेंज के चारों जनपदों में महिला सुरक्षा, अपराध नियंत्रण, जनजागरूकता और कानून पालन के क्षेत्र में व्यापक असर देखने को मिला। अभियान ने न केवल महिलाओं तक पुलिस की पहुंच बढ़ाई बल्कि कई नए आयाम स्थापित किये।

एंटी रोमियो स्क्वाड की सख्त कार्रवाई: 28,145 स्थानों पर छापेमारी में 665 आरोपी गिरफ्तार, लाखों की जांच

ALSO READ:https://hindi.news18.com/news/uttar-pradesh/ghaziabad-ransom-lawrence-bishnoi-goldy-brar-threat-extortion-call-to-chairmans-husband-local18-9769637.html

अभियान के दौरान परिक्षेत्र में गठित एंटी रोमियो स्क्वाड ने स्कूल, कॉलेज, बाजार, मॉल सहित 28,145 स्थानों पर चेकिंग कर 4,05,176 व्यक्तियों की संदिग्ध गतिविधियों की जांच की। कार्रवाई में 665 आरोपी गिरफ्तार हुए और 508 अभियोग दर्ज हुए। 3,15,230 लोगों को चेतावनी दी गई, जबकि 7,215 के विरुद्ध धारा 126, 135, 170 बीएनएसएस समेत अन्य धाराओं में निरोधात्मक कार्रवाई की गई।

महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में वाहन नियम उल्लंघन और अनधिकृत संकेत-प्रतीकों के खिलाफ अभियान भी कड़ा रहा। 8,227 पुलिस कर्मियों की टीम ने 26,979 स्थानों पर वाहनों की जांच की जिसमें 4,05,946 वाहन चेक किए गए। काली फिल्म, हूटर, बत्ती सहित अनधिकृत उपकरणों को 18,953 वाहनों से हटवाया गया। सरकारी/जाति सूचक शब्द हटाने की कार्रवाई 12,717 वाहनों पर हुई, वहीं गलत नंबर प्लेट लगाने पर 10,690 वाहनों पर कार्रवाई हुई। 2,83,281 लोगों को चेतावनी देने के साथ 44,958 चालान काटे गए और 886 वाहन सीज किए गए। इस दौरान 162 अभियोग दर्ज हुए और 204 व्यक्तियों पर कानूनी कार्रवाई हुई।

स्टंटबाजी पर कड़ी कार्रवाई: हजारों वाहन जांचे, 175 स्टंटबाज गिरफ्तार और सैकड़ों वाहनों के चालान किए गए

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/defence-minister-rajnath-singh-described/

स्टंटबाजी रोकने की मुहिम में पुलिस के 7,698 कर्मियों द्वारा 26,929 स्थानों पर अभियान चलाते हुए 4,06,946 वाहन चेक किए गए। 144 अभियोग पंजीकृत हुए, 175 स्टंटबाज गिरफ्तार किए गए और 13,103 वाहनों के चालान हुए, साथ ही 595 वाहन सीज किए गए।

मिशन शक्ति के सामाजिक जागरूकता पहल को मजबूत करते हुए बीट पुलिस अधिकारियों ने पंचायतों, वार्डों और न्याय पंचायतों में जनसंवाद और जागरूकता कार्यक्रम चलाए। 7,648 बीट पुलिस अधिकारियों ने अन्य विभागों के 11,986 कर्मियों के साथ 4,162 कार्यक्रम आयोजित किए। इस दौरान सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई और प्राप्त 2,831 प्रार्थना पत्रों का मौके पर निस्तारण किया गया।

महिलाओं की सुरक्षा में नया आयाम: बीट पुलिस ने हजारों गांवों में पहुंच कर घरेलू हिंसा से पीड़ितों को किया सहारा, सख्त निरोधात्मक कार्रवाई भी जारी

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/coal-india-and-iit-madras-jointly-launched/

महिलाओं के मन की अनसुनी पीड़ा तक पुलिस की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए 529 महिला बीट पुलिस अधिकारियों ने 14,241 गांव और वार्डों में भ्रमण कर घरेलू हिंसा से पीड़ित 4,400 महिलाओं/बालिकाओं की पहचान की तथा 4,287 की काउंसलिंग करते हुए विधिक सहायता उपलब्ध कराई। महिला अपराध में वर्ष 2025 में जेल से रिहा 1,033 तथा बीते वर्षों के 6,675 अभियुक्तों का सत्यापन कर निरोधात्मक कार्रवाई की गई।

महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु संवेदनशील क्षेत्रों को तकनीक से लैस करने के प्रयास भी उल्लेखनीय रहे। परिक्षेत्र में 429 संवेदनशील स्थानों पर 2,488 सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए गए, 189 निष्क्रिय कैमरों को पुनः सक्रिय किया गया और 680 नए कैमरे लगाए गए।

परिवार परामर्श केंद्रों की मजबूती: महिलाओं की समस्याओं के समाधान में 87 परामर्शदाताओं के साथ विशेष प्रयास

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/municipal-corporations-green-municipal-bond/

रेंज में परिवार परामर्श केंद्रों को भी सशक्त किया गया। 22 सर्किल पर स्थापित 23 परिवार परामर्श केंद्रों में 87 परामर्शदाता नियुक्त कर महिला से जुड़ी पारिवारिक समस्याओं के समाधान पर विशेष ध्यान दिया गया।

महिला सुरक्षा जागरूकता को सामुदायिक भागीदारी से जोड़ने हेतु दौड़ कार्यक्रमों का आयोजन 12 स्थानों पर हुआ, जिसमें 3,023 महिलाओं/बालिकाओं ने दौड़कर ‘सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन’ का संदेश दिया।

नारी संरक्षण गृहों में सक्रियता: हजारों महिलाओं से संवाद और विधिक सहायता के साथ बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/initiative-to-prevent-cervical-cancer/

इसके साथ ही 195 नारी संरक्षण गृह व आश्रय गृहों का निरीक्षण करते हुए 15,556 महिलाओं/बालिकाओं से संवाद कर समस्याओं का निस्तारण कराया गया। परिक्षेत्र की जिला कारागारों में भी निरीक्षण कर 385 निरुद्ध महिलाओं से वार्ता की गई और 109 महिलाओं को निशुल्क विधिक सहायता दिलाई गई।

शिक्षण संस्थानों में विशेष महिला सुरक्षा अभियान अंतर्गत 1,721 स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम आयोजित कर 1,29,628 छात्र-छात्राओं को जागरूक किया गया, 9,733 लघु फिल्में प्रदर्शित की गईं और सरकारी योजनाओं की जानकारी हेतु सामग्री वितरित की गई। महिला अपराध की रोकथाम के लिए जनपदीय नोडल अधिकारी व महिला राजपत्रित अधिकारियों के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रमों में 100 प्रधानाचार्य, 698 शिक्षक और 1,022 अभिभावकों ने भाग लेकर सुरक्षा जागरूकता को बढ़ाया। 30 दिवसीय इस विशेष अभियान ने यह संदेश दिया कि मिशन शक्ति अब केवल एक अभियान नहीं, बल्कि समाज, प्रशासन और पुलिस के साझा संकल्प का मजबूत स्वरूप बन चुका है जहाँ महिला सुरक्षा, सम्मान और न्याय सर्वोच्च प्राथमिकता है।

Share This Article
Leave a comment