ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार)। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने पुलिस और जिला प्रशासन के संयुक्त सहयोग से अमरपुर गांव में अतिक्रमण के खिलाफ सख्त अभियान चलाते हुए लगभग 5000 वर्ग मीटर सरकारी भूमि को कब्जे से मुक्त कराया। प्राधिकरण के अनुसार मुक्त कराई गई जमीन की अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये आंकी गई है।
जानकारी के मुताबिक सरकारी भूमि पर गांव के कुछ लोगों द्वारा अवैध कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा था। इसी जमीन को लेकर गांव के दो पक्षों के बीच विवाद भी चल रहा था। मामले को संज्ञान में लेते हुए प्राधिकरण ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की।
यह अभियान प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी एन.जी. रवि कुमार और जिलाधिकारी मेधा रूपम के निर्देश पर चलाया गया। कार्रवाई के दौरान वर्क सर्किल-8 के प्रभारी नागेंद्र सिंह, सहायक पुलिस आयुक्त अरविंद कुमार चहल, थाना प्रभारी अरविंद कुमार, स्थानीय चौकी प्रभारी, जिला प्रशासन की टीम, पुलिस बल और पीएसी के जवान मौजूद रहे।
अतिक्रमण हटाने के बाद जमीन की तारबंदी कर उसे प्राधिकरण के कब्जे में लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, ताकि दोबारा कब्जे की कोशिश न हो सके।
ग्रेटर नोएडा में अवैध कब्जा रोकने की चेतावनी: भूमि खरीद से पहले सत्यापन अनिवार्य
प्राधिकरण के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुमित यादव ने स्पष्ट कहा कि अधिसूचित क्षेत्र में सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का कब्जा अवैध है और ऐसे मामलों में लगातार अभियान चलाकर जमीन मुक्त कराई जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि बिना अनुमति या बिना मानचित्र स्वीकृत कराए निर्माण करने वालों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई होगी।
साथ ही लोगों से अपील की गई है कि किसी भी निजी कॉलोनाइजर के झांसे में आकर निवेश न करें और ग्रेटर नोएडा में जमीन खरीदने से पहले प्राधिकरण के भूलेख विभाग से सत्यापन अवश्य कर लें।
