आरव शर्मा
गाजियाबाद (शिखर समाचार)|
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने अवैध निर्माण और अवैध कॉलोनियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए गुरुवार को जोन 01 और जोन 04 के विभिन्न इलाकों में व्यापक ध्वस्तीकरण एवं सीलिंग की कार्रवाई की। प्राधिकरण की इस कार्रवाई से अवैध निर्माणकर्ताओं में हड़कंप मच गया।
प्रताप विहार में अवैध निर्माण पर सख्त कार्रवाई: अतिरिक्त तल ध्वस्त, नियमों की उड़ाई हवा
प्रवर्तन जोन 04 के अंतर्गत प्रताप विहार सेक्टर 12 स्थित भूखंड संख्या जे-38 पर स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्माण पाए जाने पर एक बार फिर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। निर्माणकर्ता द्वारा स्वीकृत बेसमेंट + स्टिल्ट + 3 तल के स्थान पर बिना बेसमेंट के स्टिल्ट + 4 तल का निर्माण कर लिया गया था। पूर्व में नोटिस, सीलिंग और दो बार ध्वस्तीकरण के बावजूद अतिरिक्त तल को हटाया नहीं गया था। गुरुवार को पुनः कार्रवाई करते हुए अतिरिक्त तल को अनुपयोगी बना दिया गया।
इसी क्षेत्र में भूखंड संख्या एल 285 पर स्वीकृत मानचित्र के विरुद्ध एक अतिरिक्त तल का निर्माण पाए जाने पर पहले ही निर्माण सील किया जा चुका था। निर्माणकर्ता द्वारा कोई संतोषजनक जवाब न देने के चलते सीलिंग की कार्रवाई को प्रभावी बनाए रखा गया।
प्रताप विहार में अवैध निर्माण पर जीरो टॉलरेंस: शमन का वादा अधूरा, ध्वस्तीकरण की कार्रवाई
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भूखंड संख्या एम 01, सेक्टर 12, प्रताप विहार में सभी सेटबैक कवर करते हुए अवैध निर्माण किया गया था। निर्माणकर्ता द्वारा नई शमन उपविधि 2025 के तहत शमन कराने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन लगभग दो माह बीत जाने के बावजूद कोई आवेदन प्रस्तुत नहीं किया गया। इसके चलते प्राधिकरण ने अवैध हिस्से पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई कर दी।
उधर प्रवर्तन जोन 01 में करीब 25 बीघा क्षेत्र में विकसित की जा रही तीन अवैध कॉलोनियों पर भी जीडीए का बुलडोजर चला। कॉलोनाइजर द्वारा बनाई गई सड़कें, बाउंड्री वॉल, साइट ऑफिस समेत अन्य संरचनाओं को ध्वस्त कर दिया गया। पूरी कार्रवाई प्रवर्तन जोन 01 और जोन 04 के स्टाफ तथा प्राधिकरण पुलिस बल की मौजूदगी में की गई। जीडीए अधिकारियों का साफ कहना है कि अवैध निर्माण और अवैध कॉलोनियों के खिलाफ ध्वस्तीकरण और सीलिंग की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
