आरव शर्मा
गाजियाबाद (शिखर समाचार)|
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने अवैध निर्माण और अनधिकृत कॉलोनियों के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। उपाध्यक्ष के कड़े निर्देशों के अनुपालन में, गुरुवार को प्रवर्तन दस्ते ने मुरादनगर और मोदीनगर क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 33 बीघा जमीन पर विकसित की जा रही तीन अवैध कॉलोनियों को ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कॉलोनाइजरों ने विरोध करने का प्रयास किया, लेकिन भारी पुलिस बल के आगे उनकी एक न चली।
इन क्षेत्रों में हुई बड़ी कार्रवाई
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प्राधिकरण की टीम ने तीन अलग अलग स्थानों पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को अंजाम दिया जिसमें बसंतपुर सैंथली (8 बीघा): हनुमान मंदिर बम्बा रोड पर योगेंद्र सिंह, सुधीर अग्रवाल और अनिल त्यागी द्वारा लगभग 8 बीघा में काटी जा रही कॉलोनी पर बुल्डोजर चला। यहाँ कच्ची सड़कों और बाउंड्रीवॉल को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया। इसके अलावा फतेहपुर, सीकेडा रोड (15000 वर्ग मीटर): मोदीनगर के ग्राम फतेहपुर में नरेंद्र और रविंद्र द्वारा करीब 18 बीघा (15,000 वर्ग मीटर) क्षेत्र में अवैध प्लाटिंग की जा रही थी, जिसे मलबे में तब्दील कर दिया गया।
ग्राम सरना, मुरादनगर (10 बीघा): रावली रोड पर अनवर ईलाही, इरशाद ईलाही, अफजल ईलाही और नीरज त्यागी द्वारा विकसित की जा रही अवैध कॉलोनी के ऑफिस और सड़कों को ढहा दिया गया।
विरोध के बावजूद नहीं थमा बुलडोजर
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प्रवर्तन जोन 02 के प्रभारी के नेतृत्व में जब दस्ता मौके पर पहुँचा, तो कॉलोनाइजरों और निर्माणकर्ताओं ने टीम का भारी विरोध किया। काम रोकने की कोशिश की गई, लेकिन प्राधिकरण की पुलिस और प्रवर्तन दस्ते ने स्थिति को संभालते हुए अवैध निर्माण को पूरी तरह से हटा दिया। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना मानचित्र स्वीकृत कराए किया गया कोई भी निर्माण अवैध माना जाएगा।
अधिकारियों की मौजूदगी:
ध्वस्तीकरण के दौरान सहायक अभियंता, अवर अभियंता, प्रवर्तन जोन 2 का समस्त स्टाफ और भारी पुलिस बल तैनात रहा।
चेतावनी : अवैध कॉलोनियों में न फंसें खरीदार
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जीडीए प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे अपनी मेहनत की कमाई किसी भी अवैध कॉलोनी में निवेश न करें। भूखंड खरीदने से पहले यह सुनिश्चित कर लें कि संबंधित ले-आउट प्लान विकास प्राधिकरण से स्वीकृत है या नहीं।
