गाजियाबाद (शिखर समाचार)। कलेक्ट्रेट कार्यालय में डीएम रविन्द्र कुमार माँदड़ जनसुनवाई के दौरान प्रार्थियों की बातों को ध्यानपूर्वक सुनाते हुए उनका निस्तारण करने के आदेश संबंधित अधिकारियों को दे रहे है। वह प्रार्थियों से जानते है कि उनके द्वारा पूर्व में भी इस सम्बंध में कोई प्रार्थना पत्र दिया गया था अथवा नहीं। उन्होने सभी प्रार्थियों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्या का पूर्ण गुणवत्ता के साथ समाधान कराया जायेगा। जिलाधिकारी महोदय ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनसुनवाई में आयी शिकायतों का शतप्रतिशत गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाएं। इसके अलावा स्थलीय निरीक्षण योग्य शिकायतों का स्थलीय निरीक्षण कर ही गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाएं। सभी शिकायतों के निस्तारण उपरान्त शिकायतकर्ता से उसका फीडबैक लेना भी सुनिश्चित करें। मंगलवार को हुई जनसुनवाई में एक दिव्यांग प्रार्थी अनिल ने डीएम से निवेदन करते हुए बताया कि उसका अपना काम है और उसे अपने काम को बढ़ाने के लिए पांच लाख रूपये के लोन एवं एक तीन पहिया वाहन दिलाने की में उसकी मदद करें। डीएम ने तत्काल दिव्यांग व्यक्ति के सहायता हेतु सम्बंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वह अनिल को योजनान्तर्गत लोन व तीन पहिया वाहन दिलायें साथ ही अन्तोदय कार्ड, आयुष्मान कार्ड सहित उसके बच्चे की पढ़ाई की व्यवस्था की जायें। उन्होने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि जब भी कोई असहाय, जरूरतमंद, गरीब आपके पास किसी मदद की आस से आता है तो मानवीय भाव के दृष्टिगत पहले तो स्वयं से अन्यथा सम्बंधित योजनाऐं, जिसके लिए वह पात्र है उन सभी को दिलाना सुनिश्चित किया जाएं। उन सभी लोगों की मदद कराना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। इसके साथ ही अपने-अपने विभागों की योजनाओं का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार किया जाएं। जनसुनवाई के दौरान नगर निगम, जीडीए, विद्युत विभाग, स्वास्थ्य विभाग, राजस्व विभाग सहित अन्य विभागों से सम्बंधित प्रार्थना/शिकायती पत्र प्राप्त हुए। जनसुनवाई के दौरान मुख्य विकास अधिकारी अभिनव गोपाल, एडीएम-ई ज्योति मौर्य, एडीएम एफ/आर सौरभ भट्ट सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
