गाजियाबाद (शिखर समाचार)। थाना लोनी पुलिस ने गुरुवार को रिटायर एयर फोर्स कर्मी योगेश की हत्या का चौंकाने वाला खुलासा किया है। योगेश की हत्या करने के लिए उसके दोनों बेटों नितेश व गुड्डु ने मिलकर 5 लाख रुपए की सुपारी पड़ोस में ही रहने वाले अरविंद कुमार को दी थी। अरविंद कुमार ने उत्तर प्रदेश पुलिस में तैनात अपने जीजा नवीन के साथ मिलकर बीती 26 दिसंबर 2025 को दिल्ली सहारनपुर हाईवे के पास योगेश के सिर में गोली मारकर हत्या कर दी थी और रोड से सिर में वार करके मौके से फरार हो गए थे। हत्या की सूचना पर पहुँची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज कर जाँच शुरू की थी। पुलिस को जाँच में अरविंद और नवीन के नाम सामने आए थे।
पुरानी खून की कहानी से जुड़े नए रहस्य: हत्या का षड्यंत्र उजागर, आरोपी गिरफ्तार
संवाददाता सम्मेलन में एसीपी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि अरविंद को गिरफ्तार कर लिया गया है। वही नितेश, गुड्डु और नवीन अभी फरार है। सभी फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। अरविंद के पास से अवैध हथियार, हत्या में प्रयोग लोहे की रोड और मोटरसाइकिल बरामद हुई है। उन्होंने बताया कि बुलंदशहर में वर्ष 2008 में अरविंद ने अपने पिता के साथ मिलकर अपने चाचा और परिवार के 8 लोगों की हत्या कर दी थी। हत्याओं के आरोप में अरविंद के पिता रणवीर को उम्र कैद की सजा हुई थी, वहीं नाबालिग होने के कारण अरविंद को कुछ समय बाद छोड़ दिया गया था। पुलिस पूछताछ में अरविंद ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ अशोक विहार लोनी में रहता है और 12वी तक पढ़ा है। उसके घर के पास ही योगेश रहता था, जो कुछ समय पूर्व एयर फोर्स से रिटायर हुआ था। योगेश उसे पसंद नहीं करता था और जब भी वह स्ट्रीट डॉग्स को खाना देता था तो वह स्ट्रीट डॉग्स को मारा करता था। वह अपना घर बेचना चाहता था, जिस कारण उसके बेटे और पत्नी परेशान थे। उसके दोनों बेटों ने उसे उसकी हत्या करने के लिए कहा था, जिसके लिए 5 लाख रुपए में हत्या की सुपारी तय हुई थी।
