डेल्टा वन में दूषित जलापूर्ति की शिकायतों पर प्राधिकरण सतर्क, जांच में सीवर मिश्रण की पुष्टि नहीं

Rashtriya Shikhar
3 Min Read
Authority alert on complaints of contaminated water supply in Delta forest, no confirmation of sewer mix in investigation IMAGE CREDIT TO AUTHORITY

ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार) सेक्टर डेल्टा वन में कथित रूप से दूषित पानी की आपूर्ति की शिकायत सामने आने के बाद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने तुरंत संज्ञान लेते हुए जल विभाग की टीम को मौके पर भेजा। अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार सिंह के निर्देश पर विभागीय अधिकारियों ने शिकायत करने वाले निवासियों के घरों में जाकर जलापूर्ति की गहन जांच की।

पानी की जांच में राहत, सप्लाई स्वच्छ; तकनीकी खामियां मौके पर ही दुरुस्त

ALSO READ:https://www.bhaskar.com/local/uttar-pradesh/ghaziabad/news/cold-wave-in-ghaziabad-at-6-degrees-celsius-136881174.html

जांच के दौरान जल विभाग की टीम ने कई स्थानों से पानी के नमूने लेकर परीक्षण किया। विभागीय रिपोर्ट के अनुसार अधिकांश घरों में सप्लाई हो रहा पानी स्वच्छ पाया गया। केवल एक आवास में निजी जल कनेक्शन में तकनीकी खामी मिली, जबकि एक अन्य स्थान पर पाइपलाइन से रिसाव की समस्या सामने आई। दोनों ही स्थानों पर विभाग की ओर से तत्काल मरम्मत कर समस्या का समाधान करा दिया गया। जांच में कहीं भी जलापूर्ति में सीवर के मिश्रण के साक्ष्य नहीं मिले।

जल विभाग ने शाम के समय पुनः जलापूर्ति शुरू होने पर दोबारा से नमूने एकत्र किए हैं, जिन्हें प्रयोगशाला में परीक्षण के लिए भेजा जाएगा, ताकि किसी भी प्रकार की आशंका को पूरी तरह दूर किया जा सके।

इंदौर जल संकट से सबक, ग्रेटर नोएडा में जलापूर्ति जांच के सख्त निर्देश

ALSO READ:https://rashtriyashikhar.com/protest-against-atrocities-on-hindus/

इंदौर में हाल ही में सामने आई जल संकट की घटना को ध्यान में रखते हुए प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी एन जी रवि कुमार ने ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में व्यापक स्तर पर सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत पूरे प्राधिकरण क्षेत्र में जलापूर्ति की जांच कराई जाएगी। अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार सिंह ने बताया कि जहां-जहां प्राधिकरण स्वयं पानी की आपूर्ति करता है, वहां जांच की जिम्मेदारी प्राधिकरण निभाएगा।

इसके साथ ही बिल्डर और सहकारी आवासीय परिसरों में प्रबंधन समितियों को जलाशयों की नियमित सफाई कराने, पानी के नमूने जांच के लिए भेजने और उसकी रिपोर्ट जल विभाग में जमा कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस संबंध में जल विभाग की ओर से लिखित सूचना भी जारी की जा रही है। औद्योगिक, व्यावसायिक, सूचना प्रौद्योगिकी और संस्थागत क्षेत्रों में भी इसी प्रकार की जांच कराने के आदेश दिए गए हैं। प्राधिकरण ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी दूषित जलापूर्ति की आशंका हो तो बिना देरी जल विभाग को सूचना दें। इसके लिए वरिष्ठ प्रबंधक जल के मोबाइल नंबर 9205691408 और प्रबंधक जल के मोबाइल नंबर 8937024017 पर संपर्क किया जा सकता है।

Share This Article
Leave a comment