ग्रेटर नोएडा (शिखर समाचार)
भारत निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त मनीष गर्ग और उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने गुरुवार को जनपद गौतमबुद्धनगर में विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम (एसआईआर) की प्रगति की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को पारदर्शी, त्रुटिरहित और समयबद्ध कार्य के लिए कड़े दिशा-निर्देश दिए। यह समीक्षा डीएम कैंप कार्यालय, सेक्टर-27 नोएडा स्थित सभागार में सम्पन्न हुई, जिसमें चुनावी व्यवस्था से जुड़े जिले के तमाम वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
निर्वाचन प्रक्रिया में तेजी और सटीकता: वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त ने कड़े निर्देश जारी किए
समीक्षा बैठक में वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त ने साफ शब्दों में कहा कि जिन विधानसभा क्षेत्रों में कार्य की गति अपेक्षाकृत धीमी है, वहां तुरंत प्रभावी कदम उठाकर तेजी लाई जाए। उन्होंने मतदाता सूची के शुद्धिकरण, नए मतदाताओं के पंजीकरण, मृत एवं डुप्लीकेट नामों के विलोपन, स्थानांतरण प्रविष्टियों के सत्यापन तथा बूथों पर उपलब्ध व्यवस्थाओं की बिंदुवार समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। रिपोर्टिंग के दौरान डाटा मैपिंग में अतिरिक्त सावधानी बरतने और हर बिंदु का पुनः परीक्षण करने पर भी उन्होंने विशेष जोर दिया।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सभी बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) निर्धारित समयसीमा के भीतर घर-घर जाकर सत्यापन कार्य पूरा करें। युवाओं एवं पहली बार मतदान करने वाले पात्र नागरिकों के पंजीकरण के लिए जागरूकता अभियानों को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए। वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त ने चेतावनी दी कि कार्य में किसी प्रकार की अनियमितता, देरी या त्रुटि पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मतदाता सूची की विश्वसनीयता सुनिश्चित: मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बीएलओ सहयोग और सतत निगरानी पर दिया जोर
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मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कमजोर बीएलओ को हर संभव सहयोग दिया जाए, ताकि पुनरीक्षण कार्य में किसी तरह की अशुद्धि न रहे। उन्होंने कहा कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम के हर चरण की निरंतर मॉनीटरिंग अनिवार्य है और निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए, जिससे मतदाता सूची पूरी तरह विश्वसनीय और अद्यतन बन सके।
जिलाधिकारी मेधा रूपम ने बैठक में जानकारी दी कि जिले में पुनरीक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए बीएलओ, सुपरवाइजर, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को नियमानुसार प्रशिक्षण दिया गया है। समय-समय पर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी बैठकें कर सहयोग लिया जा रहा है। मीडिया, सोशल मीडिया, आरडब्ल्यूए, एओए, बिल्डर्स एसोसिएशन, व्यापार मंडल और उद्योग संगठनों के माध्यम से व्यापक स्तर पर जनजागरूकता फैलायी जा रही है, जिसका अपेक्षित सकारात्मक परिणाम भी सामने आ रहा है। जिले में प्रगति की रोजाना समीक्षा की जा रही है।
फील्ड से फीडबैक तक: वरिष्ठ अधिकारियों ने बूथ निरीक्षण और डेटा प्रगति की समीक्षा की
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समीक्षा के उपरांत वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त और मुख्य निर्वाचन अधिकारी सेक्टर-36 नोएडा स्थित कम्युनिटी सेंटर में बने बूथ पर पहुंचे और मौके पर एसआईआर कार्यों की जमीनी प्रगति का निरीक्षण किया। उन्होंने बूथ लेवल अधिकारियों और रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों से सीधे संवाद कर फीडबैक भी लिया। इसके बाद सेक्टर-94 नोएडा स्थित केंद्रीयकृत नियंत्रण कक्ष का निरीक्षण कर बूथ स्तर से भेजे जा रहे डाटा और मैपिंग कार्य की प्रगति की समीक्षा की तथा समयबद्ध और सटीक कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान संबंधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और अन्य जिम्मेदार अधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों से अपेक्षा जताई गई कि वे टीम भावना के साथ काम करते हुए आगामी चुनावों के लिए पूर्णतः शुद्ध, त्रुटिरहित और अद्यतन मतदाता सूची को समय से तैयार कराना सुनिश्चित करें।
